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आगरा पुलिस कमिश्नर का बड़ा एक्शन, दो थानेदार लाइन हाजिर, छह पुलिसकर्मी निलंबित

आगरा। आगरा पुलिस कमिश्नरेट में शनिवार रात उस समय हड़कंप मच गया, जब पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार ने पुलिसकर्मियों की कार्यप्रणाली को लेकर बड़ी कार्रवाई की। पुलिस कमिश्नर ने एक साथ आठ पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो थाना प्रभारियों को लाइन हाजिर कर दिया, जबकि छह पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है। इसके साथ ही कई दरोगाओं के तबादले भी किए गए हैं।

पुलिस विभाग में हुई इस कार्रवाई को अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। पुलिस कमिश्नर ने पुलिसिंग में लापरवाही और भ्रष्टाचार संबंधी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की है।

थाना सदर और जगनेर के निरीक्षक लाइन हाजिर

पुलिस कमिश्नर की कार्रवाई में थाना सदर के प्रभारी निरीक्षक विजय विक्रम सिंह और थाना जगनेर के निरीक्षक सुभाष चंद्र को लाइन हाजिर किया गया है।

दोनों पुलिस अधिकारियों पर अपने कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप सामने आए थे। पुलिस विभाग में थाना प्रभारी की भूमिका कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराधों की रोकथाम और थाना क्षेत्र में पुलिस की निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण होती है। ऐसे में दोनों निरीक्षकों के खिलाफ हुई कार्रवाई को गंभीर माना जा रहा है।

नंद प्लाजा केबिन प्रकरण भी बना चर्चा का विषय

थाना सदर क्षेत्र में स्थित नंद प्लाजा में केबिन के अंदर युवक-युवतियों के पकड़े जाने का मामला भी पुलिस कार्रवाई के केंद्र में रहा। इस प्रकरण को लेकर पुलिस की निगरानी व्यवस्था और स्थानीय स्तर पर पुलिस की भूमिका पर सवाल उठे थे।

मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर शिकायतें सामने आने के बाद अधिकारियों ने इसे गंभीरता से लिया। इसके बाद थाना सदर के प्रभारी निरीक्षक विजय विक्रम सिंह को लाइन हाजिर करने की कार्रवाई की गई।

हालांकि, किसी भी व्यक्ति के खिलाफ आरोपों को अंतिम सत्य मानने से पहले संबंधित जांच और आधिकारिक निष्कर्ष का इंतजार किया जाना जरूरी है।

भ्रष्टाचार की शिकायतों पर छह पुलिसकर्मी निलंबित

पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायतों ने भी अधिकारियों का ध्यान खींचा। शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए छह पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है।

निलंबन की कार्रवाई के बाद संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका की विभागीय जांच की जा सकती है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई का रास्ता तय होगा।

पुलिस कमिश्नर के इस एक्शन से साफ संकेत गया है कि पुलिस विभाग में भ्रष्टाचार या ड्यूटी में लापरवाही की शिकायतों को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा।

कई दरोगाओं के तबादले

बड़े अधिकारियों और छह पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई के साथ ही पुलिस विभाग में कई दरोगाओं के तबादले भी किए गए हैं। तबादलों का उद्देश्य पुलिसिंग व्यवस्था को बेहतर बनाना और थाना स्तर पर कार्यप्रणाली में सुधार लाना माना जा रहा है।

प्रशासनिक फेरबदल के बाद संबंधित अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। अब नई तैनाती वाले पुलिस अधिकारियों के सामने अपने-अपने क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था मजबूत रखने और जनता की शिकायतों का प्रभावी तरीके से निस्तारण करने की जिम्मेदारी होगी।

पुलिस विभाग में मचा हड़कंप

एक ही रात में दो निरीक्षकों को लाइन हाजिर करने, छह पुलिसकर्मियों को निलंबित करने और कई दरोगाओं के तबादले की कार्रवाई के बाद आगरा पुलिस विभाग में हड़कंप की स्थिति है।

पुलिस कमिश्नर की कार्रवाई को इस संदेश के तौर पर देखा जा रहा है कि थाना स्तर पर काम करने वाले पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी और शिकायतों की जांच के बाद दोष पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई से कोई बच नहीं सकेगा।

अधिकारियों की जवाबदेही पर जोर

पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था में अधिकारियों से अपेक्षा रहती है कि वे अपने थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था के साथ-साथ अधीनस्थ कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर भी निगरानी रखें। यदि किसी पुलिसकर्मी के खिलाफ भ्रष्टाचार, लापरवाही या अनुशासनहीनता की शिकायत सामने आती है तो उसकी जांच कर कार्रवाई करना अधिकारियों की जिम्मेदारी होती है।

आगरा में हुई इस कार्रवाई से यह संदेश देने की कोशिश की गई है कि पुलिस विभाग में जवाबदेही और अनुशासन को प्राथमिकता दी जा रही है।

अब निगाह इस बात पर रहेगी कि निलंबित पुलिसकर्मियों और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और जांच के बाद आगे क्या कार्रवाई की जाती है।

गुजरात प्रवासी न्यूज़ के लिए चैनल हेड राहुल शर्मा, मथुरा से रिपोर्ट।

पूर्व विधायक राम शिरोमणि शुक्ला ने थामा सपा का दामन, अखिलेश यादव ने दिलाई सदस्यता

प्रतापगढ़। उत्तर प्रदेश की सियासत में शनिवार को एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया, जब प्रतापगढ़ के पूर्व विधायक एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता राम शिरोमणि शुक्ला ने अपने समर्थकों के साथ समाजवादी पार्टी का दामन थाम लिया। लखनऊ स्थित समाजवादी पार्टी के पार्टी कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने राम शिरोमणि शुक्ला को पार्टी की सदस्यता दिलाई।

राम शिरोमणि शुक्ला के समाजवादी पार्टी में शामिल होने की खबर के बाद प्रतापगढ़ की राजनीति में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। उनके सपा में आने से स्थानीय राजनीतिक समीकरणों में बदलाव की संभावनाओं को लेकर राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।

समर्थकों के साथ पहुंचे लखनऊ

शनिवार को राम शिरोमणि शुक्ला अपने समर्थकों के साथ लखनऊ पहुंचे। यहां समाजवादी पार्टी के कार्यालय में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में उन्होंने सपा की सदस्यता ग्रहण की। सदस्यता ग्रहण करने के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने उनका स्वागत किया।

इस दौरान उनके समर्थकों में खासा उत्साह देखने को मिला। समर्थकों ने समाजवादी पार्टी के पक्ष में नारे लगाए और राम शिरोमणि शुक्ला के सपा में शामिल होने को क्षेत्र की राजनीति के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया।

बसपा के टिकट पर रह चुके हैं विधायक

राम शिरोमणि शुक्ला का राजनीतिक सफर काफी सक्रिय रहा है। वह पूर्व में बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर विधायक रह चुके हैं। विधायक के रूप में उन्होंने क्षेत्र की राजनीति में अपनी पहचान बनाई। इसके बाद उन्होंने भाजपा में अपनी राजनीतिक गतिविधियां जारी रखीं और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में शामिल रहे।

अब भाजपा से अलग होकर समाजवादी पार्टी में शामिल होने के बाद उनके राजनीतिक सफर का एक नया अध्याय शुरू हुआ है।

कानून के क्षेत्र में भी सक्रिय

राजनीति के अलावा राम शिरोमणि शुक्ला पेशे से अधिवक्ता भी हैं। वह इलाहाबाद हाईकोर्ट में अधिवक्ता के रूप में कार्यरत हैं। राजनीति और कानून के क्षेत्र में उनकी सक्रियता के चलते क्षेत्र में उनका व्यापक संपर्क बताया जाता है।

उनके सपा में शामिल होने के दौरान उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थकों का मौजूद रहना भी चर्चा का विषय रहा। इससे संकेत मिलता है कि उनके साथ जुड़े राजनीतिक समर्थकों का एक वर्ग अब समाजवादी पार्टी के साथ सक्रिय हो सकता है।

सपा कार्यकर्ताओं में उत्साह

राम शिरोमणि शुक्ला के समाजवादी पार्टी में शामिल होने के बाद प्रतापगढ़ में सपा कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है। स्थानीय कार्यकर्ताओं का कहना है कि अनुभवी राजनीतिक नेता के पार्टी में आने से संगठन को मजबूती मिल सकती है।

कार्यकर्ताओं के बीच इस बात को लेकर भी चर्चा है कि राम शिरोमणि शुक्ला के राजनीतिक अनुभव और क्षेत्र में उनके संपर्क का लाभ समाजवादी पार्टी को आने वाले समय में मिल सकता है।

प्रतापगढ़ के राजनीतिक समीकरणों पर नजर

राम शिरोमणि शुक्ला के सपा में शामिल होने को प्रतापगढ़ की राजनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पूर्व में विधायक रह चुके नेता के पार्टी बदलने से क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है।

हालांकि, उनके सपा में शामिल होने का आगामी चुनावी राजनीति पर कितना प्रभाव पड़ेगा, यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा। फिलहाल उनके पार्टी में आने से समाजवादी पार्टी के स्थानीय संगठन में उत्साह जरूर बढ़ा है।

राजनीतिक जानकारों की नजर अब इस बात पर रहेगी कि राम शिरोमणि शुक्ला समाजवादी पार्टी में किस भूमिका में सक्रिय होते हैं और उनके समर्थकों की राजनीतिक गतिविधियां किस दिशा में आगे बढ़ती हैं।

अखिलेश यादव ने किया स्वागत

लखनऊ में सदस्यता ग्रहण कार्यक्रम के दौरान अखिलेश यादव ने राम शिरोमणि शुक्ला का समाजवादी पार्टी में स्वागत किया। पार्टी में शामिल होने के बाद राम शिरोमणि शुक्ला ने संगठन के साथ सक्रिय रूप से कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई।

उनके सपा में शामिल होने से प्रतापगढ़ के राजनीतिक घटनाक्रम पर सभी की निगाहें टिक गई हैं। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उनके इस फैसले का स्थानीय राजनीति और विभिन्न राजनीतिक दलों के समीकरणों पर क्या असर पड़ता है।

गुजरात प्रवासी न्यूज़ के लिए
माधव मिश्रा
ब्यूरो चीफ, प्रतापगढ़

फिरोजाबाद के रामलीला मैदान में सजा विशाल दंगल मेला, देशभर के पहलवानों ने दिखाया दमखम

फिरोजाबाद, 28 अगस्त 2026।
फिरोजाबाद के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में शुक्रवार को श्री गिर्राज धरण सेवा समिति मित्र मंडली, फिरोजाबाद की ओर से विशाल दंगल मेले का भव्य आयोजन किया गया। दंगल में उत्तर प्रदेश सहित हरियाणा, पंजाब, मध्य प्रदेश, बिहार और ईरान से पहुंचे नामचीन पहलवानों ने भाग लेकर अपनी कुश्ती कला और शारीरिक दमखम का शानदार प्रदर्शन किया।

दंगल को लेकर सुबह से ही रामलीला मैदान में उत्साह का माहौल देखने को मिला। कुश्ती प्रेमियों और दर्शकों की बड़ी संख्या मैदान में पहुंची। जैसे-जैसे मुकाबले आगे बढ़ते गए, पहलवानों के बीच रोमांचक मुकाबलों ने दर्शकों का उत्साह और बढ़ा दिया। अखाड़े में पहलवानों के दांव-पेंच और जोरदार मुकाबलों पर दर्शकों ने तालियां बजाकर खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाया।

महिला पहलवानों ने भी लिया हिस्सा

इस दंगल की खास बात यह रही कि इसमें महिला पहलवानों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। महिला खिलाड़ियों ने अखाड़े में अपनी प्रतिभा और कुश्ती कौशल का प्रदर्शन करते हुए दर्शकों को प्रभावित किया। महिला पहलवानों की भागीदारी को खेलों में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और पारंपरिक कुश्ती को नई पीढ़ी तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना गया।

दो लाख रुपये की अंतिम कुश्ती रही आकर्षण का केंद्र

दंगल की सबसे बड़ी और अंतिम कुश्ती दो लाख रुपये की रखी गई थी। इस मुकाबले को लेकर दर्शकों में विशेष उत्साह रहा। अंतिम कुश्ती शेरा गुर्जर पहलवान के नाम रही। आयोजकों के अनुसार शेरा गुर्जर पहलवान के सामने कोई अन्य पहलवान कुश्ती लड़ने के लिए अखाड़े में नहीं उतरा, जिसके चलते यह कुश्ती शेरा गुर्जर के नाम रही।

शेरा गुर्जर पहलवान के नाम दो लाख रुपये की कुश्ती रहने की घोषणा के बाद दर्शकों ने जमकर तालियां बजाईं और पहलवान का उत्साह बढ़ाया।

एक लाख रुपये की कुश्ती बराबरी पर समाप्त

दंगल की दूसरी बड़ी कुश्ती एक लाख रुपये की हुई। इसमें रामेश्वर सिंह पहलवान और इरफान ईरानी पहलवान आमने-सामने रहे। दोनों पहलवानों के बीच काफी देर तक जोरदार मुकाबला चला। दोनों ने एक-दूसरे पर कई दांव आजमाए, लेकिन कोई भी पहलवान निर्णायक बढ़त हासिल नहीं कर सका।

आखिरकार यह मुकाबला बराबरी पर समाप्त हुआ। दोनों पहलवानों के शानदार प्रदर्शन पर दर्शकों ने तालियों के साथ उनका स्वागत किया।

बाबा लाड़ी अयोध्या और सुनील पहलवान दिल्ली के बीच मुकाबला

दंगल में बाबा लाड़ी अयोध्या और सुनील पहलवान दिल्ली के बीच भी कुश्ती का मुकाबला हुआ। दोनों पहलवानों ने अखाड़े में अपनी ताकत और तकनीक का प्रदर्शन किया। इस मुकाबले ने भी दर्शकों का खूब मनोरंजन किया और कुश्ती प्रेमियों में उत्साह बनाए रखा।

कई राज्यों और ईरान से पहुंचे पहलवान

इस विशाल दंगल में केवल स्थानीय पहलवान ही नहीं, बल्कि देश के विभिन्न राज्यों से पहलवान पहुंचे। उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, मध्य प्रदेश और बिहार के पहलवानों के साथ ईरान से आए पहलवानों ने भी प्रतियोगिता में हिस्सा लिया।

विभिन्न क्षेत्रों के पहलवानों के एक ही अखाड़े में उतरने से दंगल का स्तर और रोमांच दोनों बढ़ गया। दर्शकों को अलग-अलग क्षेत्रों की कुश्ती शैली और पहलवानों के दांव-पेंच देखने का अवसर मिला।

जनप्रतिनिधियों और गणमान्य लोगों की मौजूदगी

दंगल के आयोजन में दंगल कमेटी के अध्यक्ष श्री उदय प्रताप सिंह और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम में फिरोजाबाद की मेयर श्रीमती राठौर, विधायक श्री मनीष असीजा, भाजपा मंडल अध्यक्ष तथा जिले के पार्षदों सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

अतिथियों और आयोजकों ने पहलवानों का उत्साहवर्धन किया तथा विजेता और प्रतिभागी खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया। आयोजन समिति की ओर से दंगल को सफल बनाने के लिए व्यापक व्यवस्थाएं की गई थीं।

पारंपरिक कुश्ती को बढ़ावा देने का प्रयास

आयोजकों का उद्देश्य पारंपरिक भारतीय कुश्ती को बढ़ावा देना और युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर उपलब्ध कराना रहा। दंगल जैसे आयोजनों से ग्रामीण और पारंपरिक खेल संस्कृति को मजबूती मिलने के साथ-साथ युवाओं में खेलों के प्रति रुचि बढ़ती है।

रामलीला मैदान में आयोजित इस विशाल दंगल ने एक बार फिर साबित किया कि भारतीय पारंपरिक कुश्ती आज भी लोगों के बीच बेहद लोकप्रिय है। देश के अलग-अलग हिस्सों से आए पहलवानों और महिला खिलाड़ियों की भागीदारी ने इस आयोजन को और विशेष बना दिया।

Gujarat Pravasi News के लिए
चैनल हेड – एक्स कैप्टन राजेश्वर सिंह गुर्जर
आगरा–फिरोजाबाद

પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા ત્રણ જોડી સ્પેશિયલ ટ્રેનોના ફેરા લંબાવાયા

સંવાદદાતા | ગુજરાત પ્રવાસી ન્યૂઝ | અમદાવાદ

અમદાવાદ: મુસાફરોની વધતી માંગ અને સુવિધાને ધ્યાનમાં રાખીને પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા અમદાવાદ ડિવિઝનથી સંચાલિત થતી ત્રણ જોડી સ્પેશિયલ ટ્રેનોના ફેરા લંબાવવાનો નિર્ણય લેવામાં આવ્યો છે. આ નિર્ણયથી ગુજરાતથી દક્ષિણ ભારત, બિહાર અને ઉત્તર ભારત તરફ મુસાફરી કરતા મુસાફરોને વધારાની રેલવે સુવિધા મળશે.

પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા અમદાવાદ–મંગલુરુ, ગાંધીધામ–ભાગલપુર અને સાબરમતી–હરિદ્વાર વચ્ચે દોડતી ત્રણ જોડી સ્પેશિયલ ટ્રેનોના વિસ્તૃત ફેરાની તારીખો જાહેર કરવામાં આવી છે.

આ ટ્રેનોના વિસ્તૃત ફેરા માટેની બુકિંગ પ્રક્રિયા 1 સપ્ટેમ્બર 2026થી શરૂ થશે.

અમદાવાદ–મંગલુરુ સ્પેશિયલ ટ્રેનના ફેરા લંબાવાયા

ટ્રેન નંબર 09424 અમદાવાદ–મંગલુરુ સ્પેશિયલના ફેરા હવે 4 સપ્ટેમ્બરથી 27 નવેમ્બર 2026 સુધી લંબાવવામાં આવ્યા છે.

તે જ રીતે પરત દિશામાં ચાલતી ટ્રેન નંબર 09423 મંગલુરુ–અમદાવાદ સ્પેશિયલના ફેરા 5 સપ્ટેમ્બરથી 28 નવેમ્બર 2026 સુધી લંબાવવામાં આવ્યા છે.

અમદાવાદથી દક્ષિણ ભારત તરફ મુસાફરી કરતા મુસાફરો માટે આ નિર્ણય મહત્વપૂર્ણ માનવામાં આવી રહ્યો છે. વધારાના ફેરા મળવાથી મુસાફરોને તેમની મુસાફરીની તારીખ પ્રમાણે વધુ વિકલ્પ ઉપલબ્ધ થશે.

ગાંધીધામ–ભાગલપુર સ્પેશિયલને પણ વિસ્તરણ

પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા ટ્રેન નંબર 09451 ગાંધીધામ–ભાગલપુર સ્પેશિયલના ફેરા પણ લંબાવવામાં આવ્યા છે.

આ ટ્રેન હવે 4 સપ્ટેમ્બરથી 27 નવેમ્બર 2026 સુધી વિસ્તૃત ફેરા સાથે દોડશે.

પરત દિશામાં ટ્રેન નંબર 09452 ભાગલપુર–ગાંધીધામ સ્પેશિયલના ફેરા 7 સપ્ટેમ્બરથી 30 નવેમ્બર 2026 સુધી લંબાવવામાં આવ્યા છે.

ગુજરાતથી બિહાર તરફ મુસાફરી કરતા મુસાફરો માટે આ ટ્રેનનો વધારાનો સમયગાળો ખાસ ઉપયોગી બનશે. ખાસ કરીને લાંબા અંતરની મુસાફરી માટે મુસાફરોને વધારાનો રેલવે વિકલ્પ મળશે.

સાબરમતી–હરિદ્વાર સ્પેશિયલના ફેરા પણ વધારાયા

ત્રીજી જોડી તરીકે ટ્રેન નંબર 09425 સાબરમતી–હરિદ્વાર સ્પેશિયલના ફેરા 19 ઓક્ટોબરથી 23 નવેમ્બર 2026 સુધી લંબાવવામાં આવ્યા છે.

જ્યારે પરત દિશામાં ચાલતી ટ્રેન નંબર 09426 હરિદ્વાર–સાબરમતી સ્પેશિયલના ફેરા 20 ઓક્ટોબરથી 24 નવેમ્બર 2026 સુધી લંબાવવામાં આવ્યા છે.

19 ઓક્ટોબરથી ICF રેકથી દોડશે સાબરમતી–હરિદ્વાર ટ્રેન

સાબરમતી–હરિદ્વાર સ્પેશિયલ ટ્રેન અંગે પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા મહત્વની માહિતી આપવામાં આવી છે.

19 ઓક્ટોબર 2026ના રોજ આ ટ્રેન અમૃત ભારત રેકના બદલે ICF રેકથી સંચાલિત થશે.

આ ટ્રેનમાં મુસાફરો માટે વિવિધ શ્રેણીના કોચ ઉપલબ્ધ રહેશે, જેમાં—

  • એસી 2-ટાયર
  • એસી 3-ટાયર
  • સ્લીપર ક્લાસ
  • સામાન્ય શ્રેણી

નો સમાવેશ થાય છે.

આથી મુસાફરો પોતાની જરૂરિયાત અને બજેટ પ્રમાણે મુસાફરીની શ્રેણી પસંદ કરી શકશે.

1 સપ્ટેમ્બરથી બુકિંગ શરૂ

પશ્ચિમ રેલવે અનુસાર ટ્રેન નંબર 09424, 09451 અને 09425ના વિસ્તૃત ફેરાની બુકિંગ 1 સપ્ટેમ્બર 2026થી શરૂ થશે.

મુસાફરો ટિકિટની બુકિંગ—

• તમામ PRS કાઉન્ટર પરથી

• IRCTCની વેબસાઇટ દ્વારા

કરી શકશે.

લાંબા અંતરની મુસાફરી કરતા મુસાફરોને ટિકિટની ઉપલબ્ધતા ધ્યાનમાં રાખીને અગાઉથી બુકિંગ કરાવવાની સલાહ આપવામાં આવી છે.

ટ્રેનનો સમય અને સ્ટોપેજની માહિતી ક્યાંથી મળશે?

પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા મુસાફરોને સલાહ આપવામાં આવી છે કે મુસાફરી કરતા પહેલાં સંબંધિત ટ્રેનના સમય, સ્ટોપેજ અને રેકની રચના અંગેની નવીનતમ માહિતી મેળવી લેવી.

ટ્રેન અંગેની વિગતવાર માહિતી માટે મુસાફરો ભારતીય રેલવેની અધિકૃત પૂછપરછ સેવા enquiry.indianrail.gov.in પર જઈને મેળવી શકે છે.

મુસાફરોએ મુસાફરી પહેલાં ટ્રેનના સમય અને અન્ય વિગતો ચકાસવી જરૂરી છે, કારણ કે રેલવેના ઓપરેશનલ કારણોસર સમય અથવા અન્ય વ્યવસ્થામાં ફેરફાર થઈ શકે છે.

ત્રણેય સ્પેશિયલ ટ્રેનોની મહત્વપૂર્ણ તારીખો

ટ્રેન નંબર ટ્રેન વિસ્તૃત ફેરાની તારીખ
09424 અમદાવાદ–મંગલુરુ 4 સપ્ટેમ્બરથી 27 નવેમ્બર 2026
09423 મંગલુરુ–અમદાવાદ 5 સપ્ટેમ્બરથી 28 નવેમ્બર 2026
09451 ગાંધીધામ–ભાગલપુર 4 સપ્ટેમ્બરથી 27 નવેમ્બર 2026
09452 ભાગલપુર–ગાંધીધામ 7 સપ્ટેમ્બરથી 30 નવેમ્બર 2026
09425 સાબરમતી–હરિદ્વાર 19 ઓક્ટોબરથી 23 નવેમ્બર 2026
09426 હરિદ્વાર–સાબરમતી 20 ઓક્ટોબરથી 24 નવેમ્બર 2026

મુસાફરો માટે મહત્વની તારીખ

1 સપ્ટેમ્બર 2026: વિસ્તૃત ફેરાની બુકિંગ શરૂ થશે.

4 સપ્ટેમ્બર 2026: અમદાવાદ–મંગલુરુ અને ગાંધીધામ–ભાગલપુર સ્પેશિયલના વિસ્તૃત ફેરાની શરૂઆત.

19 ઓક્ટોબર 2026: સાબરમતી–હરિદ્વાર સ્પેશિયલના વિસ્તૃત ફેરાની શરૂઆત અને આ દિવસે ICF રેકથી સંચાલન.

30 નવેમ્બર 2026: ભાગલપુર–ગાંધીધામ સ્પેશિયલના વિસ્તૃત ફેરાની નિર્ધારિત અંતિમ તારીખ.

મુસાફરોને મળશે વધારાની સુવિધા

પશ્ચિમ રેલવેના આ નિર્ણયથી અમદાવાદ ડિવિઝનથી લાંબા અંતરની મુસાફરી કરતા મુસાફરોને રાહત મળશે. ખાસ કરીને ગુજરાતને દક્ષિણ ભારત, બિહાર અને ઉત્તર ભારત સાથે જોડતી આ ત્રણેય જોડી સ્પેશિયલ ટ્રેનોના ફેરા લંબાવવાથી મુસાફરોને વધુ ટ્રેન વિકલ્પો મળશે.

પશ્ચિમ રેલવે દ્વારા મુસાફરોની માંગ અને સુવિધાને ધ્યાનમાં રાખીને લેવામાં આવેલો આ નિર્ણય લાંબા અંતરની મુસાફરી માટે મહત્વપૂર્ણ છે.

ગુજરાત પ્રવાસી ન્યૂઝ | અમદાવાદ

बाह में पूर्व सैनिक संघर्ष समिति की SDM से मुलाकात, सत्यभान सिंह के जमीन विवाद का तत्काल समाधान

आगरा/बाह | 27 अगस्त 2026, गुरुवार

आगरा जनपद की बाह तहसील में गुरुवार को भूतपूर्व सैनिक संघर्ष समिति के पदाधिकारियों एवं पूर्व सैनिकों ने उपजिलाधिकारी (SDM) महोदय से मुलाकात कर पूर्व सैनिकों से संबंधित समस्याओं को उनके समक्ष रखा। मुलाकात के दौरान पूर्व सैनिक सत्यभान सिंह ने अपनी जमीन से जुड़े विवाद की समस्या एसडीएम के सामने रखी और मामले में उचित कार्रवाई कर समाधान कराने का अनुरोध किया।

पूर्व सैनिकों की मौजूदगी में सत्यभान सिंह ने अपनी जमीन से संबंधित विवाद की जानकारी प्रशासन को दी। उन्होंने बताया कि जमीन के मामले को लेकर उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। पूर्व सैनिक संघर्ष समिति ने भी प्रशासन से आग्रह किया कि मामले की निष्पक्ष जांच कराकर नियमानुसार समस्या का समाधान कराया जाए, ताकि संबंधित पूर्व सैनिक को अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।

एसडीएम ने मामले को लिया गंभीरता से

पूर्व सैनिकों द्वारा रखी गई समस्या को बाह तहसील के SDM महोदय ने गंभीरता से सुना। मामले की जानकारी लेने के बाद उन्होंने तत्काल संबंधित स्तर पर कार्रवाई करते हुए जमीन विवाद के समाधान की प्रक्रिया आगे बढ़ाई। प्रशासन की तत्परता के चलते सत्यभान सिंह की समस्या का समाधान कराया गया।

मामले के तत्काल समाधान से पूर्व सैनिक संघर्ष समिति के सदस्यों ने राहत की सांस ली और एसडीएम महोदय के प्रति आभार व्यक्त किया। समिति के सदस्यों ने कहा कि प्रशासन द्वारा समस्या को गंभीरता से सुनना और समय रहते कार्रवाई करना सराहनीय है।

पूर्व सैनिकों का किया गया सम्मान

SDM से मुलाकात के दौरान भूतपूर्व सैनिकों के प्रति सम्मान भी व्यक्त किया गया। पूर्व सैनिकों ने कहा कि सेना में सेवा देने वाले जवानों ने देश की सुरक्षा के लिए अपना महत्वपूर्ण समय समर्पित किया है। इसलिए सेवानिवृत्ति के बाद उनकी प्रशासनिक, भूमि, राजस्व और अन्य समस्याओं को संवेदनशीलता के साथ सुना जाना आवश्यक है।

समिति के सदस्यों ने कहा कि पूर्व सैनिकों और प्रशासन के बीच बेहतर संवाद से कई समस्याओं का समाधान समय पर किया जा सकता है। इस मुलाकात को इसी दिशा में एक सकारात्मक कदम बताया गया।

 

कई पूर्व सैनिक रहे मौजूद

कार्यक्रम में भूतपूर्व सैनिक संघर्ष समिति से जुड़े कई पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे। इनमें कैप्टन मुन्ना लाल जी, जिला उपाध्यक्ष अनिल राजपूत, तहसील अध्यक्ष, रामबीर सिंह, अरविंद सिंह, केत सिंह गुर्जर, ग्रेशम सिंह, सत्यभान सिंह, विजेंद्र सिंह, मोहर सिंह और राजेश सिंह सहित अन्य पूर्व सैनिक शामिल रहे।

सभी सदस्यों ने पूर्व सैनिकों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की तथा प्रशासन से अपेक्षा जताई कि भविष्य में भी पूर्व सैनिकों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर सुना जाएगा।

जमीन विवाद का समाधान बना मुलाकात का मुख्य केंद्र

पूरे कार्यक्रम में सत्यभान सिंह से जुड़ा जमीन विवाद प्रमुख मुद्दा रहा। समिति द्वारा मामले को प्रशासन के सामने रखने के बाद SDM ने तत्काल संज्ञान लिया। इससे यह संदेश गया कि यदि संबंधित समस्या को उचित माध्यम से प्रशासन के सामने रखा जाए तो उसके समाधान के लिए प्रभावी कार्रवाई संभव है।

पूर्व सैनिक संघर्ष समिति ने प्रशासन की इस पहल को सकारात्मक बताया। समिति के सदस्यों का कहना था कि पूर्व सैनिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए प्रशासन का सहयोग मिलना जरूरी है और इस तरह की पहल से उनका प्रशासन पर विश्वास मजबूत होता है।

पूर्व सैनिकों ने जताया प्रशासन का आभार

समस्या का समाधान होने के बाद समिति के सदस्यों ने SDM महोदय का धन्यवाद किया। पूर्व सैनिकों ने कहा कि प्रशासन द्वारा उनकी बात सुनना और मामले में शीघ्र कार्रवाई करना सराहनीय है।

समिति ने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी पूर्व सैनिकों से संबंधित भूमि विवाद, राजस्व संबंधी मामले तथा अन्य जनहित के मुद्दों पर प्रशासन इसी प्रकार संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई करेगा।

इस अवसर पर चैनल हेड एक्स कैप्टन राजेश्वर सिंह गुर्जर, गुजरात प्रवासी न्यूज़, आगरा भी उपस्थित रहे। उन्होंने पूर्व सैनिकों से मुलाकात की तथा पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।

पूर्व सैनिक संघर्ष समिति की इस मुलाकात को क्षेत्र में पूर्व सैनिकों की समस्याओं को प्रशासन तक पहुंचाने और उनके त्वरित समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।

रिपोर्ट — गुजरात प्रवासी न्यूज़, आगरा
चैनल हेड — एक्स कैप्टन राजेश्वर सिंह गुर्जर

गुजरात प्रवासी न्यूज़ — आवाज जनता की, खबर जन-जन की।

रुड़की में ब्लॉक स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता संपन्न

रुड़की, हरिद्वार। पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज रुड़की के प्रांगण में ब्लॉक स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में रुड़की ब्लॉक के विभिन्न माध्यमिक विद्यालयों से आए खिलाड़ियों ने उत्साह और खेल भावना के साथ हिस्सा लिया। ट्रायल प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यालय स्तर पर उभर रही क्रिकेट प्रतिभाओं की पहचान कर उन्हें ब्लॉक एवं जिला स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर उपलब्ध कराना रहा।

प्रतियोगिता में बीएसएम इंटर कॉलेज, पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज रुड़की तथा जनता इंटर कॉलेज रुड़की के खिलाड़ियों ने प्रतिभाग किया। मैदान पर खिलाड़ियों ने बल्लेबाजी, गेंदबाजी, क्षेत्ररक्षण, फिटनेस और खेल के प्रति अनुशासन का प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों के प्रदर्शन का चयन प्रक्रिया के तहत मूल्यांकन किया गया और अलग-अलग आयु वर्ग में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों का चयन किया गया।

ब्लॉक खेल समन्वयक रुड़की मनजीत राणा ने जानकारी देते हुए बताया कि ट्रायल प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह के साथ प्रतिभाग किया। विभिन्न आयु वर्ग में खिलाड़ियों की प्रतिभा का आकलन करने के बाद चयनित खिलाड़ियों की सूची तैयार की गई है। चयनित खिलाड़ी अब आगामी जिला स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता में रुड़की ब्लॉक का प्रतिनिधित्व करेंगे।

अंडर-14 वर्ग में 12 खिलाड़ियों का चयन

अंडर-14 बालक वर्ग में खिलाड़ियों ने विशेष उत्साह के साथ ट्रायल में भाग लिया। इस वर्ग में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर दक्ष शर्मा, प्रथम कश्यप, कबीर, अंशु, जतिन, दीपक सैनी, विवेक कुमार, अब्दुल अजीज, प्रशांत शुक्ला, वैभव सोनी, उमर अली एवं देवाशीष का चयन किया गया।

चयनित खिलाड़ियों ने अपने प्रदर्शन के दौरान बल्लेबाजी, गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण में अपनी क्षमता का परिचय दिया। कम उम्र में खिलाड़ियों द्वारा दिखाए गए आत्मविश्वास और खेल कौशल को देखते हुए उनसे भविष्य में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।

अंडर-17 वर्ग में सात खिलाड़ियों को मिला स्थान

अंडर-17 बालक वर्ग में भी खिलाड़ियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। इस वर्ग में अर्णव सैनी, चित्रांश, अनुराग धीमान, मोहम्मद अरशद, मोहम्मद जैद, लकी शर्मा एवं नवीन कुमार का चयन किया गया।

इन खिलाड़ियों ने ट्रायल के दौरान अपनी तकनीक, फिटनेस और खेल कौशल का प्रदर्शन किया। चयन के बाद अब इन खिलाड़ियों के सामने जिला स्तर पर अपनी प्रतिभा साबित करने की चुनौती होगी।

अंडर-19 वर्ग में पांच खिलाड़ी चयनित

अंडर-19 बालक वर्ग में भी खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन किया। इस वर्ग में अरुण शर्मा, अल्मारस, यश कुमार, वंश एवं ऋतिक कुमार का चयन रुड़की ब्लॉक के लिए किया गया।

अनुभवी आयु वर्ग के इन खिलाड़ियों से जिला स्तरीय ट्रायल में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। चयनित खिलाड़ी अब उच्च स्तर की प्रतियोगिता में अपनी जगह बनाने के लिए मैदान पर उतरेंगे।

विद्यालयों से निकल रही खेल प्रतिभाएं

ब्लॉक स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता विद्यालयों में खेल प्रतिभाओं को पहचानने का महत्वपूर्ण माध्यम बन रही है। विद्यालय स्तर पर प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे खिलाड़ियों को ब्लॉक स्तर पर अपनी क्षमता दिखाने का अवसर मिलता है और बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को जिला एवं आगे के स्तर पर पहुंचने का रास्ता मिलता है।

रुड़की ब्लॉक के विद्यालयों से बड़ी संख्या में खिलाड़ियों ने क्रिकेट के प्रति अपनी रुचि और प्रतिभा का प्रदर्शन किया। इससे यह भी स्पष्ट हुआ कि क्षेत्र में युवा क्रिकेट प्रतिभाओं की अच्छी संभावनाएं मौजूद हैं।

खिलाड़ियों में रहा उत्साह

प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों में काफी उत्साह देखने को मिला। सुबह से ही मैदान में खिलाड़ियों और उनके साथ आए शिक्षकों की मौजूदगी रही। खिलाड़ियों ने चयन की उम्मीद के साथ पूरे आत्मविश्वास से ट्रायल में भाग लिया।

मैदान पर खिलाड़ियों ने अपनी बारी आने पर पूरी क्षमता से प्रदर्शन किया। बल्लेबाजों ने अपनी बल्लेबाजी तकनीक का प्रदर्शन किया, जबकि गेंदबाजों ने लाइन और लेंथ के साथ गेंदबाजी की। क्षेत्ररक्षण में भी खिलाड़ियों ने चुस्ती और फुर्ती दिखाई।

प्रतियोगिता के दौरान खेल भावना और अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया। आयोजकों और शिक्षकों ने खिलाड़ियों को सकारात्मक माहौल में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रोत्साहित किया।

आयोजन में कई लोगों का सहयोग

ब्लॉक स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता के सफल आयोजन में कई अधिकारियों, शिक्षकों और खेल से जुड़े लोगों का सहयोग रहा। कार्यक्रम में प्रदीप कुकरेती, आर.एल. बडोनी, सुरेश चंद्र, सौरभ लोहान, उर्मिला कंडवाल एवं गीता नौटियाल सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

सभी ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया तथा प्रतियोगिता के सफल संचालन में सहयोग दिया। आयोजकों ने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में शिक्षा के साथ खेलों की भी महत्वपूर्ण भूमिका है। खेल विद्यार्थियों में अनुशासन, टीम भावना, नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास का विकास करते हैं।

चयनित खिलाड़ियों को दी गई शुभकामनाएं

ब्लॉक स्तरीय ट्रायल में चयनित होने वाले सभी खिलाड़ियों को उपस्थित अधिकारियों एवं शिक्षकों ने शुभकामनाएं दीं। उन्होंने खिलाड़ियों से आगामी जिला स्तरीय प्रतियोगिता के लिए नियमित अभ्यास करने और अपनी कमियों को दूर करने का आह्वान किया।

खिलाड़ियों को यह भी संदेश दिया गया कि चयन के बाद जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। अब उन्हें जिला स्तर पर रुड़की ब्लॉक का प्रतिनिधित्व करते हुए बेहतर प्रदर्शन करना होगा।

जिला स्तरीय प्रतियोगिता पर नजर

ब्लॉक स्तरीय ट्रायल के बाद अब चयनित खिलाड़ियों की नजर आगामी जिला स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता पर है। जिला स्तर पर चयनित खिलाड़ी अपनी प्रतिभा के आधार पर आगे की प्रतियोगिताओं के लिए भी स्थान बना सकते हैं।

रुड़की ब्लॉक से चयनित खिलाड़ियों और उनके विद्यालय परिवारों में इस उपलब्धि को लेकर उत्साह है। उम्मीद है कि जिला स्तर पर भी ये खिलाड़ी शानदार प्रदर्शन करेंगे और अपने विद्यालय, ब्लॉक तथा क्षेत्र का नाम रोशन करेंगे।

खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने की पहल

इस तरह की प्रतियोगिताएं विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ खेलों में आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करती हैं। विद्यालय स्तर पर आयोजित ट्रायल के माध्यम से प्रतिभावान खिलाड़ियों की पहचान होती है और उन्हें बेहतर मंच उपलब्ध कराया जाता है।

ब्लॉक खेल समन्वयक मनजीत राणा सहित आयोजन से जुड़े सभी लोगों ने खिलाड़ियों के प्रदर्शन की सराहना की। प्रतियोगिता के सफल आयोजन के साथ ही रुड़की ब्लॉक से जिला स्तरीय प्रतियोगिता के लिए खिलाड़ियों की टीम तैयार हो गई है।

अब सभी की निगाहें आगामी जिला स्तरीय माध्यमिक विद्यालय क्रिकेट ट्रायल प्रतियोगिता पर हैं, जहां रुड़की ब्लॉक के चयनित खिलाड़ी अपनी मेहनत, प्रतिभा और खेल कौशल का प्रदर्शन करेंगे।

सह-संपादक — डॉ. आलोक कुमार द्विवेदी
गुजरात प्रवासी न्यूज़, हरिद्वार

सावन शिवरात्रि पर हर्बल पौधरोपण कार्यक्रम संपन्न, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

मंगलौर, हरिद्वार (उत्तराखंड)। सावन माह की पावन शिवरात्रि के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण, हरित वातावरण और औषधीय पौधों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से राजकीय प्राथमिक विद्यालय गोपालपुर के प्रांगण में विशेष हर्बल पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन स्वर्गीय श्रीमती सुमित्रा द्विवेदी फाउंडेशन के सौजन्य से किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं, शिक्षकों, अभिभावकों, ग्राम प्रतिनिधियों एवं स्थानीय लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में विभिन्न प्रकार के हर्बल, औषधीय एवं पर्यावरण के लिए उपयोगी पौधों का रोपण किया गया। इनमें फॉक्सटेल पाम, ग्रीन टी, इलायची, लौंग, एलोवेरा, मधुमालती, गंधराज, रुद्राक्ष एवं लेमन ग्रास सहित कई पौधे शामिल रहे। पौधरोपण के माध्यम से बच्चों और उपस्थित लोगों को पौधों के संरक्षण तथा उनके महत्व के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया।

ग्राम प्रधान ने किया पौधरोपण कार्यक्रम का शुभारंभ

हर्बल पौधरोपण कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि ग्राम प्रधान गोपालपुर जगदेव ने पौधा रोपित कर किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पौधे केवल पर्यावरण को हरा-भरा बनाने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि मानव जीवन और स्वास्थ्य के लिए भी इनका विशेष महत्व है। औषधीय एवं हर्बल पौधे हमारी पारंपरिक जीवनशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ते प्रदूषण और पर्यावरणीय असंतुलन को देखते हुए प्रत्येक व्यक्ति को पौधरोपण के साथ-साथ पौधों की नियमित देखभाल का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने ग्रामीणों एवं बच्चों से अपील की कि वे अपने आसपास अधिक से अधिक पौधे लगाएं और उन्हें पेड़ बनने तक संरक्षित करें।

छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों को दिलाई गई शपथ

कार्यक्रम के दौरान राजकीय प्राथमिक विद्यालय गोपालपुर के प्राध्यापक रोबिन सिंह के साथ अंजना ध्यानी, प्रिंसी एवं कमलेश ने छात्र-छात्राओं और अभिभावकों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया। उपस्थित विद्यार्थियों को पौधों के महत्व, हरित वातावरण की आवश्यकता तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के बारे में जानकारी दी गई।

इस अवसर पर छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों को पर्यावरण संरक्षण, पौधों की सुरक्षा और आसपास स्वच्छता बनाए रखने की शपथ भी दिलाई गई। शिक्षकों ने बच्चों को समझाया कि पौधा लगाना जितना जरूरी है, उससे कहीं अधिक जरूरी उसकी नियमित देखभाल करना है।

हर्बल पौधों के महत्व पर हुई चर्चा

कार्यक्रम में विभिन्न हर्बल पौधों के उपयोग और उनके महत्व पर भी चर्चा की गई। उपस्थित लोगों को बताया गया कि एलोवेरा, लेमन ग्रास, इलायची, लौंग, रुद्राक्ष और अन्य पौधे अपने-अपने स्तर पर उपयोगी एवं महत्वपूर्ण हैं। वहीं मधुमालती और गंधराज जैसे पौधे वातावरण को सुगंधित एवं आकर्षक बनाने के साथ परिसर की सुंदरता बढ़ाने में भी सहायक होते हैं।

कार्यक्रम का उद्देश्य केवल पौधरोपण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि बच्चों को प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का भाव विकसित करना भी रहा। विद्यालय परिसर में लगाए गए पौधों की देखभाल के लिए विद्यार्थियों और विद्यालय परिवार को प्रेरित किया गया।

स्थानीय लोगों ने बढ़-चढ़कर किया सहयोग

हर्बल पौधरोपण कार्यक्रम में कुसुम देवी, संजू, अब्दुल रहमान, अविनाश, पोपीन एवं आलोक द्विवेदी सहित अन्य लोगों ने उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग प्रदान किया। स्थानीय लोगों ने पौधरोपण अभियान की सराहना करते हुए कहा कि विद्यालय परिसर में इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित होने से बच्चों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ती है और इसका सकारात्मक संदेश समाज तक पहुंचता है।

कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने भी भविष्य में पौधों की देखभाल करने तथा अधिक से अधिक लोगों को पौधरोपण के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया।

सफल आयोजन पर जताया आभार

कार्यक्रम के अंत में राजकीय प्राथमिक विद्यालय गोपालपुर के प्राध्यापक रोबिन सिंह ने सभी सहयोगियों, शिक्षकों, अभिभावकों, छात्र-छात्राओं एवं उपस्थित ग्रामीणों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सामूहिक सहभागिता से ही इस प्रकार के सामाजिक एवं पर्यावरणीय कार्यक्रम सफल हो सकते हैं।

उन्होंने स्वर्गीय श्रीमती सुमित्रा द्विवेदी फाउंडेशन की ओर से किए गए सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि विद्यालय परिसर में हर्बल पौधों का रोपण विद्यार्थियों के लिए प्रकृति और पर्यावरण से जुड़ने का एक महत्वपूर्ण अवसर है।

सावन शिवरात्रि के पावन अवसर पर आयोजित यह पौधरोपण कार्यक्रम धार्मिक आस्था के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और स्वस्थ जीवन का संदेश भी दे गया। कार्यक्रम में शामिल लोगों ने पौधों के संरक्षण और हरित वातावरण निर्माण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

सह संपादक — डॉ. आलोक कुमार द्विवेदी
गुजरात प्रवासी न्यूज़, हरिद्वार

तमिलनाडु में स्वर्णिम निशाना, रुड़की के एनसीसी कैडेट अक्षय राणा का हुआ सम्मान

रुड़की, हरिद्वार (उत्तराखंड)। प्रतिभा, अनुशासन और अथक परिश्रम का शानदार उदाहरण प्रस्तुत करते हुए 84 उत्तराखंड वाहिनी एनसीसी, रुड़की के कैडेट अक्षय राणा ने तमिलनाडु के तिरुचिरापल्ली में आयोजित इंटर बटालियन 10 मीटर एयर पिस्टल शूटिंग प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर उत्तराखंड का नाम राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर गुरुवार को 84 उत्तराखंड वाहिनी एनसीसी परिसर में भव्य सम्मान समारोह आयोजित किया गया, जिसमें अधिकारियों, प्रशिक्षकों और कैडेट्स ने उनका जोरदार स्वागत करते हुए सम्मानित किया।

समारोह में कमान अधिकारी कर्नल जगदीश अलमिया ने कैडेट अक्षय राणा को स्वर्ण पदक पहनाकर सम्मानित किया, जबकि प्रशासनिक अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल अमन कुमार सिंह ने उन्हें प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। अधिकारियों ने कहा कि यह उपलब्धि केवल अक्षय राणा की व्यक्तिगत सफलता नहीं, बल्कि पूरे उत्तराखंड एनसीसी के लिए गर्व और प्रेरणा का विषय है।

बीएसएम (पीजी) कॉलेज, रुड़की में बीए द्वितीय वर्ष के छात्र अक्षय राणा ने इस सफलता के लिए लंबे समय तक कठिन अभ्यास किया। उन्होंने 1 जून से 20 जून तक पिथौरागढ़ में विशेष फायरिंग प्रशिक्षण प्राप्त किया। इसके बाद 8 जुलाई से 18 जुलाई तक महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज, देहरादून में विशेषज्ञ प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में एयर पिस्टल शूटिंग का गहन अभ्यास किया। उनके निरंतर प्रयास, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का परिणाम प्रतियोगिता में देखने को मिला, जहां देशभर से आए 16 प्रतिभागियों के बीच हुए कड़े मुकाबले में उन्होंने 371 अंक अर्जित कर प्रथम स्थान हासिल किया और स्वर्ण पदक अपने नाम किया।

सम्मान समारोह का सबसे भावुक क्षण उस समय आया, जब कैडेट अक्षय राणा ने अपना स्वर्ण पदक अपने दिवंगत पिता गौरव सेनानी स्वर्गीय संजीव कुमार की पावन स्मृति और अपनी माता श्रीमती अनु को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि उनके पिता का सपना था कि वह देश की सेवा करें और परिवार का नाम रोशन करें। उन्होंने संकल्प व्यक्त किया कि भविष्य में भी पूरी लगन और निष्ठा के साथ देश सेवा करते हुए एनसीसी और उत्तराखंड को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित करने का प्रयास करेंगे। उनके इन शब्दों ने समारोह में उपस्थित सभी लोगों को भावुक कर दिया।

कमान अधिकारी कर्नल जगदीश अलमिया ने अपने संबोधन में कहा कि कैडेट अक्षय राणा की सफलता अनुशासन, समर्पण और निरंतर अभ्यास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यदि युवा अपने लक्ष्य के प्रति ईमानदारी और दृढ़ इच्छाशक्ति के साथ कार्य करें तो सफलता निश्चित रूप से उनके कदम चूमती है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि अक्षय राणा भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश का गौरव बढ़ाएंगे।

कार्यक्रम का संचालन एवं समन्वय बटालियन के प्रशिक्षण अधीक्षक रवि कपूर की देखरेख में संपन्न हुआ। उन्होंने कहा कि कैडेट अक्षय राणा की उपलब्धि 84 उत्तराखंड वाहिनी एनसीसी के इतिहास में स्वर्णिम अध्याय जोड़ने वाली है। यह सफलता अन्य कैडेट्स के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी और उन्हें खेलों एवं सैन्य प्रशिक्षण में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित करेगी।

इस अवसर पर सूबेदार सुनील कुमार, डीईओ संदीप बुड़ाकोटी, हवलदार राजेंद्र सिंह, हवलदार जगत सिंह भंडारी, गौरव सेनानी धर्म सिंह, केयरटेकर प्रियंका प्रजापति सहित बटालियन के अनेक अधिकारी, कर्मचारी, प्रशिक्षक एवं कैडेट उपस्थित रहे। सभी ने कैडेट अक्षय राणा की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

कैडेट अक्षय राणा की यह सफलता न केवल उत्तराखंड के युवाओं के लिए प्रेरणादायक है, बल्कि यह भी सिद्ध करती है कि समर्पण, कठोर प्रशिक्षण और आत्मविश्वास के बल पर राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश और प्रदेश का गौरव बढ़ाया जा सकता है।

रिपोर्ट: डॉ. आलोक कुमार द्विवेदी
सह संपादक, गुजरात प्रवासी न्यूज़, हरिद्वार

शिव भक्तों पर पुष्प वर्षा, सेवा और श्रद्धा का बना अद्भुत संगम

     मंगलौर, हरिद्वार (उत्तराखंड)। श्रावण मास में कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों की सेवा के लिए आसिफ नगर गंग नहर, मंगलौर में ब्लॉक शिक्षा विभाग नारसन एवं नारसन ब्लॉक के समस्त विद्यालय परिवार के संयुक्त सौजन्य से आयोजित विशाल कांवड़ सेवा भंडारा दूसरे दिन भी श्रद्धा, सेवा और समर्पण की अनूठी मिसाल बनकर सामने आया। हजारों की संख्या में पहुंचे शिवभक्तों ने भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया और आयोजकों द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए भगवान भोलेनाथ का जयघोष किया। पूरे परिसर में “हर-हर महादेव” और “बम-बम भोले” के उद्घोष से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो उठा।

भंडारे के दूसरे दिन का सबसे भावपूर्ण एवं आकर्षक दृश्य उस समय देखने को मिला, जब कांवड़ यात्रा पर निकले शिवभक्तों का पुष्प वर्षा कर भव्य स्वागत किया गया। स्वयंसेवकों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों ने श्रद्धालुओं पर पुष्प अर्पित कर उनके प्रति सम्मान और आस्था व्यक्त की। इस आत्मीय स्वागत से अभिभूत शिवभक्तों के चेहरों पर प्रसन्नता साफ दिखाई दी। कई श्रद्धालुओं ने कहा कि इस प्रकार का सम्मान उन्हें आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करता है और सेवा भावना भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी पहचान है।

भंडारे में शिवभक्तों के लिए सात्विक भोजन, शीतल पेयजल, विश्राम की व्यवस्था तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। सेवा कार्य में लगे शिक्षक, कर्मचारी एवं स्वयंसेवक पूरे दिन पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ श्रद्धालुओं की सेवा में जुटे रहे। भोजन वितरण, जल सेवा, स्वच्छता व्यवस्था तथा श्रद्धालुओं के मार्गदर्शन के लिए अलग-अलग टीमों का गठन किया गया था, जिससे पूरे आयोजन में अनुशासन और सुव्यवस्था बनी रही।

कार्यक्रम के दौरान मुख्य प्रशासनिक अधिकारी, ब्लॉक शिक्षा विभाग नारसन श्री कामेश्वर प्रसाद उनियाल ने कहा कि कांवड़ यात्रा केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं, बल्कि सेवा, सहयोग और सामाजिक समरसता का भी प्रतीक है। उन्होंने कहा कि शिवभक्तों की सेवा करना भगवान शिव की आराधना के समान है और शिक्षा विभाग द्वारा समाजहित में किए जा रहे ऐसे कार्य निश्चित रूप से प्रेरणादायी हैं। उन्होंने आयोजन में सहयोग देने वाले सभी विद्यालयों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर प्रधानाचार्य भारतवीर मलिक (लिब्बरहेड़ी), सुरेश रौथाण, हर्ष प्रकाश काला, जय कुमार कश्यप, रवीश कुमार, सोनू, मुन्नी देवी, दिनेश सिंह, ब्लॉक खेल समन्वयक पवन राणा, संदीप वर्मा, साधना तथा सह संपादक डॉ. आलोक कुमार द्विवेदी सहित अनेक शिक्षक, कर्मचारी, समाजसेवी एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे। सभी ने शिवभक्तों की सेवा कर भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद प्राप्त किया और आयोजन की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं।

आयोजकों ने बताया कि कांवड़ यात्रा की अवधि तक सेवा कार्य निरंतर जारी रहेगा। उनका उद्देश्य प्रत्येक शिवभक्त को सम्मानपूर्वक भोजन, जल एवं आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना है ताकि उनकी यात्रा सुखद एवं सुरक्षित बन सके। उन्होंने समाज के अन्य लोगों से भी ऐसे सेवा कार्यों में बढ़-चढ़कर सहभागिता निभाने का आह्वान किया।

यह आयोजन केवल एक भंडारा नहीं, बल्कि सेवा, संस्कार, सहयोग और सनातन परंपरा का जीवंत उदाहरण बनकर उभरा। शिक्षा विभाग और विद्यालय परिवार द्वारा किए गए इस पुनीत कार्य की स्थानीय नागरिकों एवं शिवभक्तों ने मुक्त कंठ से सराहना की और इसे समाज के लिए प्रेरणास्रोत बताया।

रिपोर्ट: डॉ. आलोक कुमार द्विवेदी
सह संपादक, गुजरात प्रवासी न्यूज़, हरिद्वार

અમદાવાદમાં વસતા રાંતેજ ગામના 75 સભ્યોના ઈશ્વર પરિવારે ઉજવ્યો 20મો સ્થાપના દિવસ; 19 વર્ષથી પ્રેમ, એકતા અને ભારતીય સંસ્કારોનું જીવંત ઉદાહરણ

અમદાવાદ: આજના ઝડપી અને આધુનિક જીવનમાં જ્યાં સંયુક્ત પરિવારોનું અસ્તિત્વ ધીમે-ધીમે ઘટતું જાય છે, સંબંધોમાં અંતર વધી રહ્યું છે અને ટેક્નોલોજી લોકો વચ્ચેનું અંતર ઘટાડવાને બદલે ઘણી વખત લાગણીનું અંતર વધારી રહી છે, ત્યાં અમદાવાદમાં વસતા રાંતેજ ગામના 75 સભ્યોનો “ઈશ્વર પરિવાર” સમગ્ર સમાજ માટે પ્રેરણારૂપ ઉદાહરણ બની ઉભરી આવ્યો છે. લગભગ બે દાયકાથી આ પરિવાર માત્ર લોહીના સંબંધોથી નહીં, પરંતુ પ્રેમ, વિશ્વાસ, પરસ્પર સન્માન, ભારતીય સંસ્કારો અને સંગઠનની મજબૂત ભાવનાથી એકસૂત્રે બંધાયેલો છે.

આ વર્ષે ઈશ્વર પરિવાર પોતાના 20મા સ્થાપના દિવસની ગૌરવભેર ઉજવણી કરી રહ્યો છે. પરિવારની સ્થાપનાનો પાયો 29 જુલાઈ, 2007ના રોજ પ્રથમ ગેટ-ટુ-ગેધર સાથે નાખવામાં આવ્યો હતો. તે સમયે પરિવારના વડીલો અને યુવા સભ્યોએ મળીને એક મહત્વપૂર્ણ નિર્ણય લીધો હતો કે દર ત્રણ મહિને પરિવારના તમામ સભ્યો એક સ્થળે ભેગા થશે, એકબીજાના સુખ-દુઃખમાં સહભાગી બનશે અને સંબંધોને વધુ મજબૂત બનાવશે.

આ સંકલ્પ આજે પણ એટલો જ જીવંત છે. છેલ્લા લગભગ 19 વર્ષમાં 61થી વધુ ગેટ-ટુ-ગેધર સફળતાપૂર્વક યોજાઈ ચૂક્યા છે. દરેક કાર્યક્રમ માત્ર ઔપચારિક મુલાકાત નહીં, પરંતુ લાગણીઓનો ઉત્સવ બની રહે છે.

પરિવાર મિલન – સંબંધોને જીવંત રાખવાનો અનોખો પ્રયાસ

દર ત્રણ મહિને યોજાતા પરિવાર મિલનમાં નાના બાળકો, યુવાનો, મહિલાઓ અને વડીલો સૌ ઉત્સાહપૂર્વક ભાગ લે છે. આ પ્રસંગે પરિવારના વડીલો પોતાના જીવનના અનુભવો વહેંચે છે, યુવા પેઢીને સંસ્કારો અને જવાબદારીઓ વિશે માર્ગદર્શન આપે છે તથા બાળકોને પરિવારની પરંપરા અને ભારતીય સંસ્કૃતિ વિશે માહિતગાર કરવામાં આવે છે.

પરિવારના સભ્યો એકબીજાની સિદ્ધિઓની ખુશી ઉજવે છે, મુશ્કેલ સમયમાં એકબીજાને માનસિક અને સામાજિક સહારો આપે છે અને દરેક પ્રસંગને પારિવારિક ઉત્સવનું સ્વરૂપ આપે છે. આ કારણે પરિવારના સભ્યો વચ્ચે વર્ષો પછી પણ આત્મીયતા અને નજીકપણું યથાવત્ રહ્યું છે.

“આપણાપણું, એકતા અને સેવા” – પરિવારનું જીવનમંત્ર

ઈશ્વર પરિવારનું મૂળ સૂત્ર છે – “આપણાપણું, એકતા અને સેવા.”

આ ત્રણ શબ્દો માત્ર સૂત્ર નથી, પરંતુ પરિવારના દરેક સભ્યના જીવનનો આધાર છે. અહીં દરેક સભ્યને સમાન માન-સન્માન આપવામાં આવે છે. મતભેદો કરતાં સંબંધોને વધુ મહત્વ આપવામાં આવે છે અને દરેક વ્યક્તિને પરિવારની શક્તિ તરીકે જોવામાં આવે છે.

પરિવારના સભ્યોનો વિશ્વાસ છે કે મજબૂત સમાજનું નિર્માણ મજબૂત પરિવારથી જ શક્ય બને છે. તેથી પરિવાર માત્ર પોતાના સભ્યોના વિકાસ પૂરતો મર્યાદિત નથી રહેતો, પરંતુ સમાજમાં પણ સકારાત્મક સંદેશ પહોંચાડવાનો સતત પ્રયત્ન કરે છે.

ટેક્નોલોજીનો સદુપયોગ – પરિવારને રોજ જોડતો વોટ્સએપ ગ્રુપ

આજના ડિજિટલ યુગમાં ઈશ્વર પરિવારે ટેક્નોલોજીનો ખૂબ જ સર્જનાત્મક ઉપયોગ કર્યો છે. પરિવારનું એક સક્રિય વોટ્સએપ ગ્રુપ કાર્યરત છે, જે પરિવારના દરેક સભ્યને રોજ એકબીજા સાથે જોડાયેલો રાખે છે.

આ ગ્રુપમાં જન્મદિવસ અને લગ્નવાર્ષિકીની શુભેચ્છાઓ પાઠવવામાં આવે છે, સારા વિચારો, પ્રેરણાદાયી સંદેશાઓ અને ઉપયોગી માહિતી શેર કરવામાં આવે છે. પરંતુ આ ગ્રુપની સૌથી વિશિષ્ટ અને પ્રશંસનીય પરંપરા છેલ્લા પાંચ વર્ષથી સતત ચાલી રહી છે.

દરરોજ રાત્રે 9:30 વાગ્યે પરિવારના સભ્યો તેઓ જ્યાં પણ હોય ત્યાંથી ગ્રુપમાં પોતાની હાજરી નોંધાવે છે. ત્યારબાદ એક જનરલ નોલેજ આધારિત પ્રશ્ન પૂછવામાં આવે છે. જે સભ્ય સૌથી ઝડપી અને સાચો જવાબ આપે છે તેને દિવસનો વિજેતા જાહેર કરવામાં આવે છે.

આ અનોખી પ્રવૃત્તિથી પરિવારના સભ્યોમાં વાંચનની ટેવ વિકસે છે, સામાન્ય જ્ઞાનમાં વધારો થાય છે, બાળકો અને યુવાનોમાં સ્પર્ધાત્મક ભાવના વિકસે છે તથા સમયનો સદુપયોગ થાય છે. સૌથી મહત્વની વાત એ છે કે રોજની આ પ્રવૃત્તિ પરિવારના દરેક સભ્યને એકબીજાની નજીક રાખે છે.

નવી પેઢીમાં સંસ્કારોનું સિંચન

ઈશ્વર પરિવારની સૌથી મોટી વિશેષતા એ છે કે અહીં માત્ર સંબંધો જાળવવામાં આવતા નથી, પરંતુ નવી પેઢીમાં ભારતીય સંસ્કારોનું સતત સિંચન કરવામાં આવે છે. વડીલો બાળકોને વડીલોનો આદર, પરિવાર પ્રત્યેની જવાબદારી, સામાજિક મૂલ્યો, સેવા, સહકાર અને એકતાનું મહત્વ સમજાવે છે.

પરિવારના સભ્યો માને છે કે ભૌતિક વિકાસ સાથે નૈતિક અને સાંસ્કૃતિક વિકાસ પણ એટલો જ જરૂરી છે. તેથી દરેક ગેટ-ટુ-ગેધર નવી પેઢી માટે જીવંત પાઠશાળા સમાન બની રહે છે.

સમગ્ર સમાજ માટે પ્રેરણાસ્ત્રોત

આજના સમયમાં અનેક પરિવારો નાના-નાના મતભેદોને કારણે વિખૂટા પડી રહ્યા છે. આવા સમયમાં ઈશ્વર પરિવારનો 19 વર્ષનો સફળ સંગઠનપ્રવાસ સમાજ માટે આશાનું કિરણ સમાન છે.

આ પરિવાર સાબિત કરે છે કે જો પ્રેમ, વિશ્વાસ, સંવાદ અને પરસ્પર સન્માન જળવાઈ રહે તો અંતર, વ્યવસાય અને વ્યસ્ત જીવનશૈલી ક્યારેય સંબંધોને નબળા બનાવી શકતી નથી.

એકતાના શિલ્પીઓ

પરિવારની આ અદભૂત એકતાને જાળવી રાખવામાં પરિવારના તમામ સભ્યોનો સમાન ફાળો રહ્યો છે. તેમ છતાં સમગ્ર પરિવારને એક મજબૂત સાંકળમાં જોડીને રાખવાનો વિશેષ શ્રેય મનુભાઈ રાવલ અને સંજયભાઈ રાવલને જાય છે. તેમના સતત પ્રયાસો, સંકલન અને નિષ્ઠાના કારણે આજે ઈશ્વર પરિવાર સંગઠન, સંસ્કાર અને સ્નેહનું જીવંત પ્રતિક બની ગયો છે.

પરિવારના સભ્ય પાર્થ રાવલના જણાવ્યા અનુસાર, ઈશ્વર પરિવાર માત્ર સંબંધોનો સમૂહ નથી, પરંતુ એક એવી જીવનશૈલી છે જેમાં દરેક સભ્ય એકબીજાની તાકાત છે, દરેક વડીલ આશીર્વાદ છે અને દરેક બાળક પરિવારના ઉજ્જવળ ભવિષ્યની આશા છે.

આજે 20મા સ્થાપના દિવસની ઉજવણીના અવસરે પરિવારના તમામ સભ્યોએ એકતા, પ્રેમ અને સંસ્કારોની આ પરંપરાને આગામી પેઢીઓ સુધી અવિરત આગળ વધારવાનો સંકલ્પ વ્યક્ત કર્યો.

“જ્યાં પ્રેમ છે ત્યાં પરિવાર છે, જ્યાં સંસ્કાર છે ત્યાં ઈશ્વર પરિવાર છે.”
આ સૂત્ર માત્ર એક વાક્ય નથી, પરંતુ ઈશ્વર પરિવારના 19 વર્ષના સફળ અને પ્રેરણાદાયી સફરની સાચી ઓળખ છે.

        પાર્થ રાવલ
       ઈશ્વર પરિવાર